जानें क्या है जलीकट्टू और इससे जुड़ी हुई व्यवस्थाएं? और क्या है इससे जुड़ा हुआ विवाद

★तमिलनाडु में पोंगल त्योहार के  दौरान खेला जाना वाला लोकप्रिय खेल जलीकट्टू पर प्रतिबंध हटाने को लेकर राज्य में बवाल मचा हुआ है। राज्य में कई जगहों पर इसको लेकर विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
★ तमिलनाडु सरकार ने केंद्र सरकार से अध्यादेश लाने की मांग की है। अध्यादेश के जरिए कानून बनाकर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को पलटा जा सकता है।

=>जलीकट्टू पर प्रतिबंध कब और क्यों ?

भारत की 58 फीसद संपत्ति 1 फीसद अमीरों के पासः ऑक्सफैम

- भारत की 58 प्रतिशत संपत्ति पर महज 1 प्रतिशत अमीरों का कब्जा है। यह देश में अमीरी और गरीबी के बढ़ते फासले का संकेत देता है।

- हालांकि पूरी दुनिया की आधी यानी 50 प्रतिशत संपत्ति भी मात्र 1 फीसदी अमीरों के पास है, लेकिन भारत की स्थिति इस मामले में ज्यादा खराब है।

-  अधिकार समूह ऑक्सफैम की तरफ से जारी एक अध्ययन रिपोर्ट के मुताबिक भारत के केवल 57 अरबपतियों के पास कुल मिलाकर 216 अरब डॉलर (14,688 अरब रुपए) की संपत्ति है, जो देश की करीब 70 प्रतिशत आबादी की कुल संपत्ति के बराबर है।

एडॉप्शन रेगुलेशन, 2017 अधिसूचित

- केंद्र सरकार ने हाल ही में अधिसूचित किया गया एडॉप्शन रेगुलेशन, 2017 लागू हो गया। इसे सेंट्रल एडॉप्शन रिसोर्स अथॉरिटी (CARA) ने तैयार किया है।

- जुवेनाइल जस्टिस (केयर एंड प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रेन) एक्ट 2015 की धारा 68 (C) में सुधार किया गया था। इसे 4 जनवरी 2017 में अधिसूचित किया गया था और 16 जनवरी 2017 से इसे प्रभावी होना था। 

- नए नियम गोद लेने की प्रक्रिया को व्यवस्थित करके देश में गोद लेने के कार्यक्रम को और मजबूत करेंगे। नए नियम अधिकारियों और भावी दत्तक माता-पिता के सामने पेश आने वाले मुद्दों और चुनौतियों को निपटाने के लिए बनाए गए हैं।

भारत से फैले सुपरबग पर किसी ऐंटीबायॉटिक का असर नहीं

★अमेरिका में एक ऐसे भारतीय सुपरबग का पता चला है जिस पर किसी भी ऐंटीबायॉटिक का असर नहीं होता। डॉक्टरों ने इसे न्यू डेली मेटालो-बीटा-लेक्टामेस (NDM) नाम दिया है।

=>क्या है इसकी कहानी:-
★70 साल की एक संक्रमित मरीज की मौत के बाद डॉक्टरों ने इसका पता लगाया है।

★हाल ही में क 70 वर्षीय अमेरिकी महिला की मौत हुई। यह महिला दो साल पहले अपने थाइ बोन फ्रैक्चर का इलाज कराने दिल्ली आई थी।

मुस्लिम पर्सनल लॉ : नैसर्गिक न्याय की पक्षधरता

#संपादकीय :- द ट्रिब्यून 

What is the issue

मुस्लिम समाज में एक ही समय में तीन बार तलाक-तलाक-तलाक कह कर पत्नी का त्याग करने के रिवाज के खिलाफ मुस्लिम महिलाओं का स्वर निरंतर मुखर हो रहा है। मुस्लिम महिलाओं के सम्मान और अधिकारों के समर्थन में केन्द्र सरकार ने उच्चतम न्यायालय में दाखिल हलफनामे में मुस्लिम समाज में प्रचलित तीन तलाक, निकाह हलाला और बहुविवाह जैसी प्रथाओं का विरोध करके अपनी राजनीतिक इच्छा शक्ति का परिचय दे दिया है।

राजनीतिक हितों से ऊपर उठने से ही देश में लागु हो पायेगी "समान नागरिक संहिता"

- संविधान का अनुच्छेद 44 कहता है कि शासन भारत के समस्त राज्य क्षेत्र में नागरिकों के लिये एक समान सिविल संहिता प्राप्त कराने का प्रयास करेगा।

विधि आयोग ने समान नागरिक संहिता, तीन तलाक पर लोगों से मांगी राय

क्या तीन तलाक का चलन खत्म कर देना चाहिए ? क्या समान नागरिक संहिता वैकल्पिक होनी चाहिए ? यदि इन मुद्दों पर आपके कोई विचार हों तो आप विधि आयोग को अपनी राय से अवगत करा सकते हैं । विधि आयोग ने इन संवेदनशील मुद्दों पर लोगों से राय मांगी है।

समान नागरिक संहिता पर गर्मागर्म बहस के बीच विधि आयोग ने परिवार कानूनों के पुनरीक्षण और उनमें सुधार के विषयों पर लोगों की राय मांगी है । आयोग ने कहा कि इस कदम का मकसद कानूनों की बहुलता कायम करने की बजाय सामाजिक अन्याय को खत्म करना है ।

स्वास्थ्य क्षेत्रक चुनौती : भारत में बीमार पड़ना बन गया है महंगा सौदा

- हमारे देश में बीमार पड़ना बहुत महंगा सौदा बन चुका है क्योंकि भारत में दवाइयों की कीमत पर किसी का कोई नियंत्रण नहीं रह गया है। भगवान ना करे कि किसी को कैंसर या ऐसी दूसरी गंभीर बीमारियां हो क्योंकि ये बीमारियां मरीज के साथ-साथ उसके परिवार को भी बर्बाद कर देती हैं। इस बर्बादी में मुख्य भूमिका निभाते हैं निजी और सरकारी अस्पताल.  

- इसके बारे में विस्तार से चर्चा करेंगे लेकिन इससे पहले आपको दवाओं से जुड़ी कुछ जानकारियां देना ज़रूरी है।

बच्चों की मौत मामले में भारत की स्थिति सबसे खराब

आर्थिक विकास के तमाम दावों के बावजूद भारत बच्चों की मृत्यु रोकने के मामले में नाकाम साबित हो रहा है। वर्ष 2015 में पांच साल से कम child-deathउम्र के सबसे ज्यादा बच्चों की मौत भारत में हुई है।