चुनाव आयोग ने चुनाव शुचिता से जुड़े एक अन्य मामले में सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कहा है कि उम्मीदवारों को अपने और आश्रितों की आय का स्नोत बताना चाहिए। आयोग का कहना है कि :
Ø वर्तमान में उम्मीदवार के लिए आमदनी का स्नोत बताना जरूरी नहीं है।
Ø यहां तक कि यह बताना भी जरूरी नहीं है कि पिछले… Read More
Daily Current Affairs
in news
सुप्रीम कोर्ट गुरुवार को उस याचिका पर जल्द सुनवाई को तैयार हो गया है जिसमें गंभीर अपराधों के दोषी पाए गए नेताओं को चुनाव लड़ने से रोकने की मांग की गई है। चीफ जस्टिस जेएस खेहर की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि इस मसले पर जल्द ही संविधान बेंच का गठन किया जाएगा।
Ø अश्वनी कुमार उपाध्याय ने… Read More
विमुद्रीकरण अर्थात नोटबंदी अपने आप में एक बड़ा झटका था।अब रोचक प्रश्न यह है कि सुधार की गति क्या होगी तेज या धीमी? हालांकि संभावना तो धीमे सुधार की ही है|
मौद्रिक :नौ नवंबर के बाद से नई मुद्रा का आगमन खासी धीमी गति से हो रहा है। कुछ जगहों पर तो लेनदेन में पुरानी मुद्रा भी चलती रही। अब नए नोट नजर… Read More
Background:
हाल में कानपुर के समीप हुए दो रेल हादसों से सबक लेते हुए रेल प्रबंधन अपनी परिचालन व्यवस्था को सुरक्षित करने के तहत भारतीय रेल एकॉस्टिक सेंसिंग बेस्ड सेफ्टी तकनीक अपनाने जा रही है।
क्या है यह :
यह तकनीक ट्रेन की वास्तविक स्थिति के बारे में ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम (जीपीएस) से कई गुना… Read More
Situation before demonetisation
बीते एक दशक के दौरान भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने स्वतंत्र एवं किफायती मौद्रिक प्राधिकार के रूप में जबरदस्त विश्वसनीयता हासिल की। कई लोग मानेंगे कि वह देश के उन गिनेचुने संस्थानों में से है जिन्हें विश्वस्तरीय करार दिया जा सकता है। हालांकि तकनीकी रूप से वह आरबीआई… Read More
बैंकों के फंसे कर्ज (एनपीए) की वसूली पर सुप्रीम कोर्ट सख्त है। कोर्ट ने कर्ज वसूली टिब्यूनल (डीआरटी) में ढांचागत संसाधनों की कमी पर सरकार से सवाल किए हैं। अदालत ने पूछा है कि क्या मौजूदा संसाधनों में तय समयसीमा के भीतर कर्ज वसूली का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
कोर्ट ने सरकार से कर्ज वसूली के… Read More
1. प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए)
प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान (पीएमएसएमए) का लक्ष्य सुरक्षित गर्भावस्था व सुरक्षित प्रसव के जरिये मातृ व शिशु मृत्युदर को कम करना है।
इस राष्ट्रीय कार्यक्रम के जरिए देश भर में लगभग 3 करोड़ गर्भवती महिलाओं को विशेष मुफ्त प्रसव पूर्व… Read More
