प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) - सभी के लिए आवास मिशन

आवास एवं शहरी गरीबी उन्मूलन मंत्रालय ने प्रधानमंत्री  की घोषणा के अनुरूप देश के शहरी क्षेत्रों में उल्लिखित उद्देश्य को पूरा करने के लिए ' प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) (शहरी )- सभी के लिए आवास (एचएफए) मिशन' तैयार किया है। प्रधानमंत्री ने घोषणा की थी कि देश के सभी बेघरों और कच्चे घरों में रहने वाले लोगों को आवश्यक बुनियादी सुविधाओं से युक्त बेहतर पक्के घर 2022 तक सुलभ कराये जायेंगे।

नेशनल वाटरवेज बिल

★उद्देश्य :- 
1.देश के भीतर वाटरवेज का तेजी से विकास करना।
2. मौजूदा नेशनल वाटरवेज और देश में कुछ दूसरे इनलैंड वाटरवेज को नेशनल वाटरवेज घोषित करने के लिए प्रावधान है। 
3. शिपिंग और नेवीगेशन के लिए इन वाटरवेज को विकसित करने और इनके रेगुलेशन की भी व्यवस्था।

★ देश में 111 नदियों को वाटरवेज में विकसित करने की योजना है। प्रमुख बंदरगाहों पर स्मार्ट सिटी भी विकसित किए जाएंगे। 
★ गंगा नदी में हल्दिया-वाराणसी के बीच 1620 किलोमीटर लंबा जलमार्ग विकसित किया जा रहा है। इस पर 4000 करोड़ रुपये का खर्च आएगा।

देश की 59 सार्वजानिक सेवाओं में आधार नंबर अनिवार्य

  • केंद्र सरकार ने इस साल के शुरुआत में जारी किए गए एक नोटिफिकेशन के जरिए स्‍पष्‍ट कर दिया था कि देश की 59 सर्विसेस का उपयोग तभी किया जा सकेगा जब नागरिकों के पास आधार कार्ड नंबर होगा। यदि आपके पास आधार कार्ड नंबर नहीं है तो आप इन सभी नोटिफाइड सेवाओं का इस्‍तेमाल नहीं कर सकेंगे।
  • सबसे खास बात यह है कि अगर आपको नया मोबाइल कनेक्‍शन खरीदना हो तो उसके लिए भी आधार कार्ड नंबर का होना आवश्‍यक है। नए वित्‍तीय वर्ष 2017-18 से तो आयकर रिटर्न दाखिल करने के लिए भी आधार कार्ड नंबर आवश्‍यक हो गया है।
  • सुरक्षा की दृष्टि से एवं फर्जीवाड़ा रोकने के लिए आधार का उपयोग किया जा रहा है। इसी के

मेंटल हेल्थकयर बिल पारित : अब आत्महत्या अपराध नहीं बीमारी है

अत्यंत तनाव में आत्महत्या करने के प्रयास को अपराध की श्रेणी से बाहर करने वाले और मानसिक रोगों के उपचार को ‘संस्थागत’ के बजाय ‘मरीज और समुदाय’ केंद्रित बनाने के प्रावधान वाले विधेयक को संसद ने मंजूरी दे दी। लोकसभा ने मानसिक स्वास्थ्य देख-रेख विधेयक, 2016 को मंजूरी दे दी जिसे राज्यसभा 8 अगस्त 2016 को पहले ही स्वीकृति दे चुकी है।

क्या कहता है मेंटल हेल्थ केयर बिल

The Hindu सम्पादकीय : नया पिछड़ा आयोग का गठन

- केंद्रीय मंत्रिमंडल ने राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की जगह नये आयोग के गठन के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। अब सामाजिक और शैक्षिक रूप से पिछड़े वर्ग के लिए राष्ट्रीय आयोग (नेशनल कमीशन फॉर सोशियली एंड एजुकेशनली बैकवर्ड क्लासेज) गठित होगा। इस नये आयोग को संवैधानिक दर्जा भी दिया जाएगा।

बनेगा नया पिछड़ा आयोग, संसद के पास होगा आरक्षण देने का अधिकार

  • केंद्र सरकार ने पिछड़ेपन के आधार पर आरक्षण की बढ़ती मांग को देखते हुए नया आयोग बनाने का फैसला किया है। नया आयोग वर्तमान में मौजूद राष्‍ट्रीय पिछड़ा आयोग की जगह लेगा। इसे संवैधानिक दर्जा भी दिया जाएगा वर्तमान में मौजूद ओबीसी आयोग का संवैधानिक दर्जा नहीं है।
  • नए आयोग का नाम नेशनल कमीशन फॉर सोशल एंड एजुकेशनली बैकवर्ड क्‍लासेज (एनएसईबीसी) रखा जाएगा। इस आयोग की सिफारिश के बाद संसद पिछड़ा वर्ग में नई जातियों के नाम जोड़े जाने या हटाए जाने पर फैसला करेगी। इस आयोग के गठन के लिए संविधान संशोधन प्रस्‍ताव पेश किया जाएगा।

स्वच्छ भारत अभियान

¨सामाजिक प्रभाव और समझाना बुझाना स्वच्छ भारत अभियान को सफलता के लिए किस प्रकार योगदान कर सकते हैं | UPSC 2016

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राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य नीति, 2017

In news

मंत्रिमंडल ने राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य नीति 2017 को अनुमोदित कर दिया है। यह देश के स्‍वास्‍थ्‍य क्षेत्र के इतिहास में बहुत बड़ी उपलब्‍धि है। पिछली राष्‍ट्रीय स्‍वास्‍थ्‍य नीति 2002 में बनाई गई थी। इस प्रकार, यह नीति बदलते सामाजिक-आर्थिक, प्रौद्योगिकीय और महामारी-विज्ञान परिदृश्‍य में मौजूदा और उभरती चुनौतियों से निपटने के लिए 15 साल के अंतराल के बाद अस्‍तित्‍व में आई है।

'नेशनल हेल्थ पॉलिसी' : सबका होगा फ्री इलाज, स्वास्थ्य नीति को कैबिनेट की मंजूरी"

केंद्र सरकार ने  राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति को मंजूरी दे दी है. इस नीति के जरिए देश में ‘सभी को निश्चित स्वास्थ्य सेवाएं' मुहैया कराने का प्रस्ताव है स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि एक बड़े नीतिगत बदलाव के तहत यह नीति प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) स्तर के दायरे में आने वाले सेक्टरों के फलक को बढ़ाती है और एक विस्तृत रुख का रास्ता तैयार करती है. ‘उदाहरण के तौर पर - अब तक पीएचसी सिर्फ टीकाकरण, प्रसूति-पूर्व जांच एवं अन्य के लिए होते थे.