स्वतंत्रता के बाद देश में लोकसभा और विधानसभाओं के चुनाव एक साथ होने शुरु हुए थे। यह क्रम में 1967 तक निर्बाध रूप से चलता रहा। इसके बाद कुछ राज्यों में विधानसभा भंग होने के कारण एक साथ चुनाव होने का सिलसिला थम गया और अब यह स्थिति है कि देश में हर चार-छह माह के अंतराल पर कहीं न कहीं चुनाव होते रहते… Read More
=>विश्व के बारे में
** वैश्विक आर्थिक वृद्घि 2.5 फीसदी अथवा कम की धीमी गति पर बरकरार रहेगी। हालांकि विश्व बैंक ने अपने हालिया पूर्वानुमान में इसके 2.9 फीसदी रहने की बात कही है। इस बीच अमेरिका, यूरोप और चीन जैसे बड़े देशों की विकास दर 2015 की दर के आसपास ही रहेगी। ये देश कुल अर्थव्यवस्था के 60… Read More
कैसा लगता है यह जानकर कि बांग्लादेश तो छोड़िए, पाकिस्तान और इराक भी लिंग-भेद यानी नारी-सशक्तीकरण के स्तर पर हमसे काफी बेहतर हैं?
? अगर हमें बताया जाए कि 70 साल के स्व-शासन के बाद भी अमीर-गरीब के बीच बढ़ती असमानता में हम दुनिया के 188 देशों में 150वें नंबर पर हैं और यह खाई लगातार बढ़ती जा रही है, गलती… Read More
- पेरिस में दिसंबर के मध्य में जलवायु समझौते के कुछ प्रमुख तत्त्व इस प्रकार हैं:
1. पहली बात, वैश्विक तापवृद्घि को 2 डिग्री सेल्सियस से कम रखना और वह भी इस उम्मीद के साथ कि वैश्विक तापमान को 1.5 डिग्री सेल्सियस से कम रखा जा सके।
2.दूसरा, अधिकांश देशों ने उत्सर्जन में कमी की स्वैच्छिक घोषणा की है… Read More
देश के कुल 641 में से 270 जिलों में औसत से कम बारिश हुई है। मौसम विभाग और केंद्रीय कृषि मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक 18 राज्यों में फैले इन जिलों में औसत से 14 प्रतिशत कम वर्षा हुई है।
- देश के सबसे घनी आबादी वाले राज्य उत्तर प्रदेश में औसत से 46 प्रतिशत तक कम बारिश हुई है! हरियाणा और… Read More
